कोरोना में सफर पहली किश्त..

Tripoto
27th Sep 2020
Day 1

कोरोना में सफर पर..
पहली किश्त...
तकरीबन पाँच महीनों से घर पर था,कोरोना की वजह से पढ़ाकर आजीविका चलाने वाले काम भी एक तरह से ठप्प सा ही था, शुरुआती दिनों में खेती बाड़ी में हाथ बँटाया, ओर कुछ जरूरी घरेलू कामो में व्यस्त रहा..
ऐसे करते जुलाई तक समय निकल गया..
इस बीच अध्यन भी सुचारू रूप से चल रहा था....
लेकिन पिछले अगस्त के अंतिम दिनों में शरीर और मन ने विद्रोह करना पारम्भ कर दिया....
यह अब पहले की तरह भागना चाहता था, दौड़ना चाहता था, लेकिन महामारी के दौर में यह भी संभव नही था, कुछ दिनों के लिए मन और शरीर की माँग को दबा दिया गया..
लेकिन इसका असर उल्टा हुआ, पढ़ने - पढ़ाने की क्षमता पर उल्टा असर हुआ, वो ठीक उसी तरह से जैसे ओशो ने एक दफा कहा था कि आप किसी बात को दबाओगे तो अपने मूल से ओर ज्यादा खतरनाक ओर विकृत रूप में सामने आएगी...
ठीक ऐसे ही हुआ..

ओर अंत मे कोरोना की गाइडलाइंस मानकों को ध्यान में रखते हुए, घर से राजस्थान भर्मण की यात्रा पर निकल गया..
इसी कड़ी में आगे की यात्रा का वर्णन अगली किश्त में...

जारी रहेगी....

Photo of कोरोना में सफर पहली किश्त.. by shivlal