ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई!

Tripoto

सिक्किम, मेरा तो फेवरेट डेस्टिनेशन है ही लेकिन नेचर लवर्स और एडवेंचर पसंद लोगों के लिए यह किसी स्वर्ग से कम नहीं। खूबसूरत लैंडस्केप, रंगीन संस्कृति और कुछ ऑफबीट ट्रेकिंग ट्रेल्स सिक्किम को बेहद खूबसूरत जगहों में से एक बनाते हैं। ट्रेकिंग के शौकीन और नेचर लवर्स के लिए, टेंडोंग हिल, एक दिन की ट्रेकिंग के लिए सबसे परफेक्ट डेस्टिनेशन है। टेंडोंग हिल का सबसे ऊँचा पॉइंट 8600 फीट की ऊँचाई पर है जहाँ से सारे पूर्वी हिमालय का एक शानदार मनोरम दृश्य दिखाई देता है।

Photo of ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई! 1/5 by Manju Dahiya

टेंडोंग की कहानी

टेंडोंग शब्द का अर्थ है "ऊपर उठा हुआ"। माना जाता है कि बहुत समय पहले, इस क्षेत्र में जब बाढ़ आई थी तो लोगों को बाढ़ से बचाने के लिए, भूमि ने खुद को उठाया और निवासियों को शरण दी। इस तरह यहाँ का नाम टेंडोंग पड़ गया।

टेंडोंग ट्रेक की शुरुवात: डामथांग

टेंडोंग हिल ट्रेक एक छोटे से सिक्किमी गाँव डामथांग से शुरू होता है। यहाँ से सबसे करीबी शहर नामची में है।

अगर आप ट्रेक पर जाना चाहते हैं तो आप नामची या टेंडोंग में भी रह सकते हैं। हमने इस ट्रेक के बारे में बहुत कुछ सुना था और हम टेंडोंग के हरे-भरे जंगलों में जाने के लिए काफी उत्साहित थे। यहाँ की फ़्लोरा और फौना बहुत समृद्ध है। इन जंगलों में हिमालय के पक्षियों की लगभग 90 प्रजातियाँ हैं। इसके अलावा, लाल पांडा, हिमालयी भालू और तेंदुए भी हैं।

Photo of ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई! 2/5 by Manju Dahiya

होमस्टे में एक बढ़िया-सा नाश्ता करने के बाद, हम ट्रेक की चढ़ाई के लिए चल पड़े। इस ट्रेक पर अभी तक कम ही लोग आए हैं । डामथांग मार्किट में ट्रेक का कोई साइन पोस्ट तो नहीं था, हालांकि एक दुकान की साइड से एक पक्का रास्ता है जो पहाड़ की ओर जाता है।यह पक्का रास्ता सीढ़ियों से होता हुआ आगे जाकर जंगल के रास्ते में ख़त्म हो जाता है। हम इस ट्रेल पर चलते रहे लेकिन घने जंगल में दूर- दूर तक कोई ना होने के कारण एक अनजाने से डर का एहसास ज़रूर हो रहा था। चारों ओर घने बाँस के पेड़ और फर्न फ़ैले हुए थे। ज्यादातर पेड़ों के तनों पर काई की घनी परत चढ़ी हुई थी और विशाल पेड़ों की कैनोपी के नीचे हम चलते जा रहे थे।

Photo of ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई! 3/5 by Manju Dahiya

हमें केवल पक्षियों की चहचहाहट और पत्तियों की सरसराहट सुनाई दे रही थी । हम पूरी तरह से शहर और कंक्रीट के जंगल से दूर प्रकृति का आनंद ले रहे थे। लगभग 40 मिनट के बाद, ट्रेल की चढ़ाई बढ़ने लगी थी। कुछ-कुछ जगहों पर पगडंडी काफी संकरी थी, जहाँ से एक बार में सिर्फ एक ही व्यक्ति गुजर सकता था। बीच-बीच में थोड़ा आराम करते हुए हम हिलटॉप की ओर बढ़ते रहे।

हिलटॉप के नज़दीक आते ही हमें टेंडोंग गुम्पा का एक साइनबोर्ड दिखाई दिया। वहाँ से हम हवा में लहराते हुए गुम्पा के झंडों के बीच से होते हुए टेंडोंग हिल के वॉचटॉवर तक पहुँच गए जो कि दूर से पगोडा जैसा दिखाई दे रहा था। हिलटॉप से नज़ारा बिलकुल शानदार था। वहाँ से पूरे पूर्वी हिमालय का पैनोरमा दिखाई दे रहा था। हवा काफी ठंडी थी पर एकदम साफ भी। उस जगह की सुंदरता और पवित्रता का वर्णन करने के लिए हमारे पास कोई शब्द ही नहीं थे। वहाँ पहुँचकर एहसास हुआ कि छोटी-छोटी चीजें हमें कितना आनंद दे सकती हैं। हिलटॉप पर टेंडोंग ऑब्जरवेशन टावर के अलावा एक छोटी सी मोनेस्ट्री भी थी ।

Photo of ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई! 4/5 by Manju Dahiya

पहाड़ी पर लगभग एक घंटा बिताने के बाद हमने अपना पैक किया हुआ लंच खाया और फिर उसी रास्ते से वापस लौटने लगे थे। पहाड़ी से नीचे उतरते समय दोपहर के सूरज की चमक में पहाड़ों के बदलते हुए रंग अद्भुत लग रहे थे। अपने दिल में खुशी और मज़ेदार यादों के साथ लौटते हुए हम बार-बार वापस सिक्किम घूमने का विचार मन में लिए डामथांग पहुँच गए।

टेंडोंग हिल ट्रेक के बारे में ज़रूरी बातें

- एक तरफ की कुल दूरी: 3.5 कि.मी.

- ट्रेकिंग के लिए समय: चढ़ाई के समय लगभग 2 घंटे और उतरते समय करीब1.5 घंटा लगती है। हालांकि समय तो आपकी क्षमताओं पर भी निर्भर करता है।

- आसपास के दूसरे आकर्षण: नामची, टेमी टी गार्डन और रावंगला, डमथांग के पास ही हैं।

Photo of ट्रेकिंग का शौक है तो इस छुपे रास्ते पर करो चढ़ाई! 5/5 by Manju Dahiya

डामथांग तक कैसे पहुँचे?

नामची, डमथांग का निकटतम शहर है। यहाँ से, आप शेयरिं जीपों के ज़रिए डामथांग बाजार पहुँच सकते हैं।

आप गंगटोक से भी नामची पहुँच सकते हैं। निकटतम हवाई अड्डा पेक्योंग हवाई अड्डा है। आप बागडोगरासे भी उड़ान भर सकते हैं। निकटतम रेलवे स्टेशन न्यू जलपाईगुड़ी (एन जे पी) है। एन जे पी और बागडोगरा दोनों से, आप सिलीगुड़ी आ सकते हैं और फिर वहाँ से गंगटोक के लिए एक शेयरिंग सूमो ले सकते हैं। आप बागडोगरा या एन जे पी से गंगटोक के लिए एक प्राइवेट टैक्सी भी ले सकते हैं।

टेंडोंग ट्रेक का सबसे अच्छा समय

आप यहाँ साल के किसी भी समय ट्रेक कर सकते हैं, लेकिन मॉनसून से बचना चाहिए। मानसून के दौरान, जोंक से भी सावधान रहें।

ये आर्टिकल अनुवादिक है। ओरिजिनल आर्टिकल के लिए यहाँ क्लिक करें

Be the first one to comment