इंदौर का फूटी कोठी जो की एक अधूरी इमारत है की यात्रा

Tripoto
30th Jul 2020

फूटी कोठी इंदौर के महाराजा शिवाजी राव होलकर द्वारा बनवाई गई एक अधूरी एतिहासिक बिल्डिंग है जिसका निर्माण 1886 के आसपास हुआ था.

Photo of इंदौर का फूटी कोठी जो की एक अधूरी इमारत है की यात्रा 1/2 by Neeraj Rathore

सन 1884 में इंदौर में हवा महल नामक इमारत मज़बूत चट्टानी मोटी दीवारों के साथ बनवाना प्रारम्भ हुआ।इस महल नुमा किले को महाराजा इतना उंचा बनवाना चाहते थे की उपरी मंजिल की छत पर तोप जमा कर यही से अंग्रेजों की महू स्थित छावनी को नेस्तनाबूद किया जा सके।अंग्रेज एजीसी व गुप्तचरों की सूचनाओं के आधार पर अधबीच में ही ब्रिटिश सरकार ने निर्माण कार्य रुकवा दिया। फिर भी जितनी इमारत बन चुकी थी वह शिल्प कला और सुदृढ़ता के लिए जानी जाती है। के कारण ही यह फूटी कोठी के नाम से जानी गई और भूल भुलैया का नमूना बनी रही।इस दिव्या भव्य इमारत की पूर्ण उंचाई का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है की इसके रुके हुए निर्माण कार्य से बचे लाल पत्थरों से पुराना विशाल हाय कोर्ट भवन ,टॉप खाना तथा वर्तमान गांधी हॉल ( एडवर्ड हॉल ) बना।

Photo of इंदौर का फूटी कोठी जो की एक अधूरी इमारत है की यात्रा 2/2 by Neeraj Rathore

फूटी कोठी को इंदौर के लोग भुतहा मानते है, लेकिन मुझे नहीं लगा की यहाँ ऐसा कुछ है.