क्या आप मनाली के पास इन छुपी हुई पगडंडियों के बारे में जानते हैं?

Tripoto

अगर आप पूछें, तो बहुत से लोग मनाली जा चुके हैं | मगर उनसे कोई पूछे की मनाली क्या है, तो वे यहाँ के प्रसिद्ध स्थलों जैसे ओल्ड मनाली, रोहतांग पास और हंपता पास का नाम लेंगे | मगर इन लोकप्रिय जगहों के बीच कई ऐसी खूबसूरत पगडंडियाँ भी हैं जिनके बारे में ज़्यादा लोग नहीं जानते | इनके बारे में जानने के लिए आगे पढ़िए |

विकल्प 1: लामदुघ ट्रेक

अवधि: 6 से 7 घंटे

पगडंडी: मनाली - लामदुघ-मनाली

ऊंचाई: 3018 मीटर / 9900 फीट

चढ़ाई: मध्यम

हडिम्बा देवी मंदिर

ये कम जाना माना ट्रेक हडिंबा देवी मंदिर से शुरू होता है| लामदुघ का स्थानीय भाषा में अर्थ होता है लंबा और गहरा | ये मध्यम चढ़ाई वाला रास्ता चीड़ और देवदार के घने जंगलों से होकर गुज़रता है | मात्र एक दिन का ट्रेक होने के बावजूद इस ट्रेक के दौरान देखने को बहुत कुछ मिलता है जैसे मनाली के खूबसूरत दृश्य, मनाल्सु ग्लेशियर का विहंगम दृश्य, धौलाधार और पीरपंजाल पर्वतमाला जिसमें हनुमान टिब्बा, देव टिब्बा और रोहतांग पास शामिल हैं।

कैसे पहुँचे

नोट: ट्रेक के शुरुआत में खड़ी चढ़ाई के कुछ भाग हैं और मनाली के आगे पानी का कोई भी स्त्रोत नहीं है |

-मनाली से स्थानीय बसें उपलब्ध हैं |

-ये 2.7 किलोमीटर का एक छोटा रास्ता है इसलिए पैदल भी यहाँ 10-15 मिनट में आसानी से जाया जा सकता है |

-ऑटो / टैक्सी किराए पर कर लें |

Photo of क्या आप मनाली के पास इन छुपी हुई पगडंडियों के बारे में जानते हैं? 1/4 by लफंगा परिंदा
अंकुश रावत द्वारा ली गयी तस्वीर

विकल्प 2: गोशाल गाँव

अवधि: 1 घंटा

पगडंडी: मनाली- ओल्ड मनाली-मनु मंदिर-गोशाला-ओल्ड मनाली

ऊंचाई: 1189 मीटर / 3900 फीट

चढ़ाई: बीच में कुछ खड़ी चढ़ाई है मगर आसान है

मनु मंदिर रोड

क्यूँ ना ओल्ड मनाली घूमने से पहले एक छोटी सी चढ़ाई कर ली जाए |

ये ट्रेक मनु मंदिर से शुरू होता है | जो लोग मनाली का ऐसा भाग देखना चाहते हैं जहाँ 700 साल पुराने लकड़ी के घर आज भी बने हुए है उनके लिए सही है | मनु टेंपल से पहले ही एक बोर्ड पर साफ साफ ट्रेक की ओर जाने वेल रास्ते की दिशा लिखी हुई है | सेब के बागानों और देवदार के पेड़ों के बीच से एक संकरा रास्ता सीधा गोशाल गाँव की ओर जाता है | ए रास्ता ज़्यादा जाना पहचाना नहीं है और ज़्यादातर तौर पर गाँव वाले यहाँ चलते पाए जाते हैं |

कैसे पहुँचे

-मनाली से ओल्ड मनाली के बीच सिर्फ़ 3 किमी का फासला है जिसे 15- 20 मिनट में चलकर पार किया जा सकता है |

-ओल्ड मनाली से कोई ऑटो या टैक्सी किराए पर कर लें

-ओल्ड मनाली से मनु मंदिर तक 3 किमी की चढ़ाई करें

Photo of क्या आप मनाली के पास इन छुपी हुई पगडंडियों के बारे में जानते हैं? 2/4 by लफंगा परिंदा
अंकुश रावत द्वारा ली गयी तस्वीर

विकल्प 3: चक्की नाला से रुमसु गाँव

अवधि: 4 से 5 घंटे

ट्रेल: मनाली- प्रिंसी- जग्गत्सुख- चक्की नाला-रुमसु

ऊँचाई: 2700 मीटर / 8858 फीट

चढ़ाई: बीच में कुछ खड़ी चढ़ाई के साथ मध्यम

रुमसु

रूमसू लगभग 1000 वर्षों पुराना एक प्राचीन हिमालयी गाँव है जहाँ की पौराणिक सुंदरता देखते ही बनती है | चंद्रखानी ट्रेक के लिए जाने के लिए ये गाँव बेस कैंप का काम करता है | ये वही ट्रेक है जो आगे जाकर मलाना को जाता है | मनाली से 45 मिनट की ड्राइव आपको ले आती है चक्की नाला से रुमसु गाँव को जाने वाली खड़ी चढ़ाई पर | बाहरी दुनिया का आनंद लेने वाले इस ट्रेक के आस पास सेब के बाग और देवदार के जंगल, रास्ते में आने वाले लकड़ी के घर, साथ साथ बहती व्यास नदी और चारों ओर हरियाली देख कर मदहोश हो उठेंगे | अभी तक इस पगडंडी पर केवल गाँव वाले ही आते जाते हैं | ये पगडंडी हमे रुमसु गाँव के स्कूल से होती हुई आगे मंदिर और पंचायत परिसर तक ले जाती है |

कैसे पहुँचे

-मनाली से कैब लेकर जगत्सुख से होते हुए चक्की नाला तक पहुँचे | करीब 45 मिनट का समय लगेगा |

-चक्की नाला के पास एक चाय की दुकान है जिसके पास से ट्रेक शुरू होता है और आगे जंगल की पगडंडी की ओर ले जाता है |

- चक्की नाला से रुमसु गाँव पहुँचने में 1.5 से 2 घंटे का समय लग जाता है |

विकल्प 4: प्रिनी गाँव से बनारा गाँव

अवधि: 3.5 से 4 घंटे

पगडंडी: मनाली- प्रिनी- बनारा- मनाली

ऊँचाई: 1189 मीटर / 3900 फीट

चढ़ाई: आसान - कुछ खड़ी ढलान भी हैं

प्रिनी

प्रिनी गाँव मनाली की भीड़ भाड़ से मात्र 4 किमी दूर है | सेरेनिटी होटल के ठीक सामने वाली सड़क पकड़ लें जो आपको बनारा गाँव को जाने वाली पगडंडी तक पहुँचा देगी | इस आसान से ट्रेक के आस पास के देवदार और चीड़ के शांत जंगल देखकर आपका दिल बाग बाग कर उठेगा | ये पगडंडी ज़्यादतक गाँव के लोग ही इस्तेमाल करते हैं इसलिए इसकी खूबसूरती बरकरार है | काथ्कुनी के लकड़ी के घर और मनाली के परिदृश्य देखकर ऐसा लगता है जैसे ये गाँव किसी तस्वीर से निकला हो | ये रास्ता बनारा मंदिर पर जाकर समाप्त होता है जहाँ आज भी बलि चढ़ाई जाती है | अगर आप और आगे जाना चाहते है तो ये रास्ता आपको पहाड़ों में ले जाएगा जहाँ से मनाली और फ्रेंडशिप चोटी का शानदार दृश्य दिखता है |

कैसे पहुँचे

बस द्वारा:

-मनाली के माल रोड से प्रिनी तक जाने के लिए मात्र 10 रुपये में बस मिल जाती है

-मनाली के माल रोड से प्रिनी जाने के लिए ऑटो या टैक्सी किराए पर ले सकते हैं

नोट: अपना भोजन साथ ले लें क्यूंकी जंगल के बीच कोई ढाबा नहीं मिलेगा |

Photo of क्या आप मनाली के पास इन छुपी हुई पगडंडियों के बारे में जानते हैं? 3/4 by लफंगा परिंदा
ऊँचाई से नज़ारा : अंबिका भारद्वाज द्वारा ली गयी तस्वीर

विकल्प 5: जन झरने के पास सिद्धू चखें

अवधि: नग्गर से 2 घंटे (सड़क पर यात्रा सहित)

पगडंडी: नग्गर- जन गाँव- जन झरना

ऊँचाई: 1189 मीटर / 3900 फीट

चढ़ाई: आसान - कुछ खड़ी ढलाने भी हैं

जन झरना

सुंदर से जन गाँव के पास ही जन झरना स्थित है | झरने के पास ढाबों पर रुकने की बजाय सहारे से जाने वाली पगडंडी पर निकल पड़ें | ये एक छोटी सी आसान चढ़ाई है जिसके अंत में आपको झरने, बर्फ़ीले पहाड़ों और देवदार के हरे भरे जंगलों का नज़ारा मिलता है | एक डुबकी मारने के बाद सिद्धू का स्वाद चखें | सिद्धू एक पारंपरिक हिमाचली व्यंजन है, जो गेहूं और खमीर से बना होता है और घी के साथ परोसा जाता है | जिन पंद्रह ढाबों में मैने सिद्धू चखा, सबसे बढ़िया स्वाद मुझे जन झरने के पास वाले ढाबे का लगा |

कैसे पहुँचे

-जन गाँव नग्गर से मात्र 12 किमी की दूरी पर है

-जन बस स्टॉप से जन झरने तक जाने के लिए 15-20 मिनट की चढ़ाई करनी पड़ती है | जन झरने तक जाने वाली पगडंडी पर बेहद खूबसूरत नज़ारे देखने को मिलते हैं |

- बस: सुबह सुबह 9 बजे से ही नग्गर गाँव से जन गाँव जाने वाली बसें भरना शुरू हो जाती है

-स्थानीय टैक्सी किराए पर कर लें

याद रखें:

-मोटे तले वाले ट्रेकिंग के जूते ही पहने

-पानी की बोतल साथ रखें

-एक छोटे बस्ते में अपना ज़रूरी सामान रखें

- भोजन साथ लेकर चलने की सलाह दी जाती है

-इस चढ़ाई पर स्थानीय गाइड की वैसे तो ज़रूरत नहीं है, लेकिन सही रास्ते पर बने रहने के लिए बार बार पूछते चलें

-ऊपर लिखी गयी जगहों पर ज़्यादातर समय मोबाइल का नेटवर्क आता है

- वैसे तो मनाली और ओल्ड मनाली में एटीएम हैं मगर फिर भी अपने साथ पैसे रखने की सलाह दी जाती है

- मनाली की भीड़ भाड़ भरी माल रोड की बजाय थोड़ा दूर प्रिनी, जगत्सुख व नग्गर में रुकें

-ओल्ड मनाली के रंगीन बाज़ारों में घूमना ना भूले

Photo of क्या आप मनाली के पास इन छुपी हुई पगडंडियों के बारे में जानते हैं? 4/4 by लफंगा परिंदा
व्यास के पास एक शाम : अंकुश रावत द्वारा ली गयी तस्वीर

यह आर्टिकल अनुवादित है | ओरिजिनल आर्टिकल पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें |

Be the first one to comment